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लद्दाख में पीटा गया ड्रैगन मारे गए ६० से ज्यादा सैनिक तो बनाया प्लान-बी, एक्सपर्ट बोले- जिनपिंग को चाहिए जीत, लेंगे बड़ा एक्शन

गॉर्डन ने कहा कि चीन का क्रूर सफाई अभियान अब आने वाला है। शी जिनपिंग पहले ही 'सुधार' अभियान चला रहे हैं और अपने विरोधियों को दंडित करने में जुटे हुए हैं। हालांकि भारतीय सेना के जवाबी कार्रवाई अब शी जिनपिंग का भविष्‍य खतरे में पड़ता दिखाई दे रहा है। उन्‍होंने कहा कि लद्दाख में घुसपैठ की यह पूरी योजना शी जिनपिंग और उनकी सेना ने बनाई थी लेकिन यह बुरी तरह से फ्लाप रही है।

गॉर्डन ने कहा कि गलवान हिंसा में चीन के कम से कम 43 सैनिक मारे गए और यह दोनों के बीच पिछले 45 साल में सबसे घातक संघर्ष था। चीनी सैनिकों के मारे जाने की संख्‍या 60 तक हो सकती है। हालांकि चीन अपनी इस हार को स्‍वीकार नहीं करेगा। उन्‍होंने कहा कि भारतीय सेना के ऊंचाई वाले इलाकों में कब्‍जा करने के बाद अब चीन सकते में आ गया है। वहीं उसके सैनिकों को पीछे हटना पड़ा।



अमेरिकी विश्‍लेषक ने कहा कि चीनी चाहकर भी भारतीय सैनिकों के कदम का तोड़ नहीं तलाश पा रही है। उन्‍होंने कहा क‍ि चीनी सेना ने भले ही लद्दाख में घुसपैठ की है लेकिन वह जंग में कितना प्रभावी होगी यह देखना होगा। चीनी सेना ने आखिरी लड़ाई वर्ष 1979 में लड़ी थी। वियतनाम के साथ इस जंग में चीनी सेना को हार का मुंह देखना पड़ा था। उन्‍होंने कहा क‍ि चीनी सेना अभी काफी प्रशिक्षित है और हथियारों से लैस है लेकिन उतना प्रभावी नहीं है। भारतीय सैनिक अब और ज्‍यादा आक्रामक होकर अपनी रक्षा कर रहे हैं।



उन्‍होंने कहा कि इस असफलता के बाद अब शी जिनपिंग सेना में अपने विरोधियों पर गाज गिराएंगे और उनकी जगह अपने समर्थक लाएंगे। सबसे महत्‍वपूर्ण बात यह है कि चीन की तीनों सेनाओं के प्रमुख शी जिनपिंग भारत के खिलाफ एक और आक्रामक कार्रवाई कर सकते हैं। गॉर्डन ने बताया कि जब से शी जिनपिंग ने सत्‍ता संभाली है, तब से भारत में चीनी सेना की घुसपैठ बढ़ गई है।
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